Tag archives for अरुण यह मधुमय देश हमारा

मेरे नगपति! मेरे विशाल! (Mere Nagpati Vishal)

प्रस्तुत है श्री रामाधारी सिंह 'दिनकर (Ramadhari Singh Dinkar) की सुप्रसिद्ध रचना मेरे नगपति! मेरे विशाल! (Mere Nagpati Vishal) -मेरे नगपति! मेरे विशाल! (Mere Nagpati Vishal)रामाधारी सिंह 'दिनकर (Ramadhari Singh Dinkar)मेरे नगपति! मेरे विशाल! साकार, दिव्य, गौरव विराट्! पौरूष के पुञ्जीभूत ज्वाल! मेरी जननी के हिम-किरीट! मेरे भारत के ...

अरुण यह मधुमय देश हमारा (Arun yah Madhumay Desh Hamara)

जयशंकर प्रसाद (Jayshankar Prasad)प्रस्तुत है श्री जयशंकर प्रसाद (Jayshankar Prasad) की सुप्रसिद्ध रचना अरुण यह मधुमय देश हमारा (Arun Yah Madhumay Desh Hamara) -अरुण यह मधुमय देश हमारा। जहाँ पहुँच अनजान क्षितिज को मिलता एक सहारा॥ सरल तामरस गर्भ विभा पर, नाच रही तरुशिखा मनोहर। छिटका जीवन हरियाली ...